aae771c5352ddb5b03fc9904694dfc39d778ce6d Rhinoceros by eugene ionesco summary | StudyLover ~ Study Lover

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rhinoceros by eugene ionesco summary
Rhinoceros by Eugene Ionesco Summary

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इस कहानी को एक फ्रेंच Playwright ने लिखा था जिनका की नाम है Eugene Ionesco । इसको 1959 में लिखा गया था और 1959 - 1960 के बीच मे प्रकाशित करवाया गया था । कहानी की शुरुआत होती है एक बहुत ही छोटे शहर से । Jean और Berenger कैफ़े के अंदर में बैठ कर आपस मे बात कर रहे है जो कि इस शहर में है । Berenger एक शराबी है और गंदा जैसा रहता है जबकी Jean एक अच्छा और जेंटलमैन आदमी है । ये दोनों दोस्त अपनी जिंदगी और परेशानियों के बारे में बात कर रहे थे और आस - पास के माहौल के बारे में बात कर रहे थे । तभी शहर में एक गेंडा भागते हुए आया , ये दोनों दोस्त फिर भी अपनी बात को जारी रखते है । तभी दुसरा गेंडा भागते हुए आया और उसने एक बिल्ली को मार दिया तो लोग आपस मे बात करने लगे कि ये दो गेंडे थे या एक ही गेंडा दो चक्कर लगा कर गया । कुछ समय बाद ये दोनों दोस्त के बीच मे बहस हो जाती है और Jean , Berenger को शराबी बोलता है फिर दोनों के बीच लड़ाई हो जाती है और यही पे पहला एक्ट खत्म हो जाता है ।  
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अब दूसरा एक्ट शुरू होता है । Berenger एक पास के अखबार कंपनी में काम करता है । अगले दिन Berenger अपने ऑफिस में पहुँचता है और देखता है कि ऑफिस के लोगो के बीच मे उसी गेंडे के बारे में बाते चल रही थी । ऑफिस का एक आदमी Dudard नाम का उसे भरोसा नहीं हो रहा था कि ऐसा कुछ भी हुआ होगा लेकिन Berenger और Daisy कहते है ये सही बात है उन्होंने अपनी आँखों से उस गेंडे को देखा है । इसी ऑफिस में एक आदमी था Mr Boeuf नाम का और ये ऑफिस नहीं आया है । तभी उसकी पत्नी Mrs Boeuf भागते हुए ऑफिस आती है सबको बताने की उसका पति जो इस ऑफिस में काम करते है वो गेंडे बन गए है पहले तो वो बीमार थे लेकिन धिरे - धिरे गेंडे में बदल गए और पीछा करते करते ऑफिस आ गए । वो ऑफिस के नीचे खड़े है गेंडे बन कर । किसी को समझ नहीं आ रहा था ये हो क्या रहा है । सबलोगों ने Mrs Boeuf को कहा कि वो अपने पति को छोड़ दे लेकिन सबके समझाने के बाद भी उस महिला ने अपने पति के साथ रहने का तय किया और वो खिड़की से अपने पति के ऊपर कूद गई । Berenger , Jean के घर जाता है उससे अपनी गलती की माफ़ी मांगने के लिए लेकिन वो देखता है कि Jean बहुत बदला - बदला लग रहा है उसकी आवाज़ भारी हो रही है और उसका शरीर हर रंग का हो रहा है । वो धीरे - धीरे एक गेंडे में बदल रहा है । Berenger मदद के लियी वहां से भाग गया और यही पर एक्ट 2 खत्म होता है ।

अब ये बीमारी पूरे शहर में फैल गई है , हर कोई गैंडा बन गया है । काफी दिन गुजर गए और चारो तरफ गेंडे ही गेंडे घूम रहे है । Berenger का दोस्त Dudard उसके घर आया और कहा उसका बॉस भी अब गैंडा बन गया है क्योंकि उसके बॉस ने फैसला किया कि वो भी गेंडे के ग्रुप को जॉइन करेगा । Daisy भी Berenger के घर आ गयी और ये तीनो ने फैसला किया कि ये लोग इंसान ही बने रहेंगे । लेकिन तभी Dudard खिड़की से बाहर कूद गया और गैंडा बन गया । Berenger और Daisy एक दूसरे से प्यार करते थे और दोनों समझ गए थे कि ये दोनों ही इस पृथ्वी पर इंसान बचे हुए है । इनका फ़र्ज़ ये है कि फिर से ये दोनों पृथ्वी को इंसान से भर दे । Berenger ने Daisy को कुछ बुरा कह दिया और फिर Daisy भी जा कर उस गेंडे के ग्रुप को जॉइन कर लेती है । अब आखरी में Berenger अकेला पड़ गया था और वो खुद की सोच से लड़ रहा था कि क्या उसे भी गेंडे के ग्रुप को जॉइन कर लेना चाइये । लेकिन इस कहानी के आखिर में ये ठान लेता है कि वो गेंडे के सामने नहीं झुकेगा , वो इंसान है और इंसान ही बना रहेगा । 
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